गुरुवार, 28 अप्रैल 2011

ग्राम सुराज अभियान नौटंकी, रमन सरकार की विश्वसनीयता समाप्त : कांग्रेस


ग्राम सुराज अभियान नौटंकी, रमन सरकार की विश्वसनीयता समाप्त : कांग्रेस


कांकेर :-प्रदेश सरकार द्वारा आयोजित ग्राम सुराज अभियान नौटंकी हैं। जिला प्रशासन के अधिकारी इस अभियान में मात्र खाना पूर्ति करने में लगे हैं। सरकार के आदेश के बाद भी कोई भी दल रात्रि में गांवों में विश्राम नही कर रहा हैं। कुछ अधिकारी कर्मचारी रूकते है तो मात्र दारू मुर्गा खाने के लिए। विगत वर्षों में सरकार द्वारा चलाये गये अभियान के दौरान ग्रामीणों ने अभियान दल को जो समस्याएं लिखित में दी थी, उनमें से किसी भी समस्या का समाधान प्रदेश सरकार के द्वारा नही किया गया। इस अभियान की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि कांकेर जिले के जिन गांवों में प्रदेश के मुख्यमंत्री डा. रमन सिंह ने पहुंच कर घोषणाएं की थी उन घोषणाओं का भी क्रियान्वयन सरकार के द्वारा नही किया गया हैं। समस्याओं के निराकरण नही होने के कारण ग्रामीण में आक्रोष व्याप्त हैॅ जिसके कारण इस अभियान का मुखर विरोध हो रहा हैं। कई स्थानों पर अभियान दल को बंधक बनाया जा रहा है तो कई गांवों में दल के सदस्यों को गांवों में घुसने तक नही दिया गया है। इससे प्रदेश सरकार के प्रति आम जनता की कितनी विश्वसनीयता रह गई है यह साबित होता हैं। जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने ग्रामीणों के द्वारा ग्राम सुराज अभियान का किये जा रहे विरोध का समर्थन करते हुए ग्रामीणों से इस अभियान के बहिष्कार की अपील की हैं ताकि राज्य सरकार को अपने वादा खिलाफी का एहसास हो सके। श्री तिवारी ने कहा कि जिले के अधिकारी मुख्यमंत्री की घोषणा को कितने हल्के से लेते है यह इस बात से भी प्रमाणित हो जाता है कि उन गांवो में जिले के कोई अधिकारी झांकने तक नही गये। पिछले वर्ष डा. रमन सिंह ग्राम कोयलीबेड़ा पहुंच कर वहां ब्लाक स्तरीय कार्यालय को हफ्ते में तीन दिन लगाने के आदेश दिये थे, तथा सेलेगांव एवं कोयलीबेड़ा में अनेक विकास कार्यों की घोषणा भी थी किन्तु उनमें से एक भी पूरी नही हो सकी। जब मुख्यमंत्री की घोषणाओं का यह हाल है तो सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता हैं कि अधिकारियों को दी गई मांगों के आवेदन को कचरे के डब्बे में डाल दिया जाता होगा। बेहतर है मुख्यमंत्री ग्राम सुराज अभियान के ढक़ोसले को बंद कर दे। 

बुधवार, 20 अप्रैल 2011

लो वोल्टेज के विरोध में हजारों किसान व कांग्रेसी उतरे सडक़ पर


भाजपा सरकार को उखाड़ फेकने का संकल्प

कांकेर :-परलकोट क्षेत्र में लो वोल्टेज एवं विद्युत कटौती व स्थानीय समस्याओं को लेकर हजारों किसान व कांग्रेसी सडक़ों पर उतर कर प्रदेश सरकार के विरोध में जोरदार रैली निकान कर प्रदर्शन किया। लंबे अरसे बाद इस क्षेत्र में कांग्रेस ने जोरदार प्रदर्शन कर अपनी ताकत का एहसास कराया। सभा में कांग्रेस नेताओं ने रमन सरकार की जमकर आलोचना करते हुए प्रदेश सरकार को उखाड़ फेकने का संकल्प लिया। सभा के पश्चात विशाल रैली निकाल कर राज्यपाल के नाम एसडीएम को ज्ञापन सौंपा गया। जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि भाजपा नेता अधिकारियों के साथ मिलीभगत कर  भ्रष्टाचार में संलिप्त हैं। इस क्षेत्र के किसान आत्महत्या करने को मजबूर हो रहे हैं, मंत्री, मुख्यमंत्री तक की घोषणाओं पर अमल नही हो रहा हैं। प्रशासन निरंकुश हो गया हैं। कोयलीबेड़ा ब्लाक भ्रष्टाचार का अड्डा बन गया हैं। इस क्षेत्र के विधायक व मंत्री हवा में उड़ रहे हैं उन्हे सडक़ मार्ग में चलने में डर लगता हैं कि कहीं जनता के आक्रोष का सामना ना करना पड़ जाये। जिस प्रकार से अधिकारी एवं नेता भ्रष्टाचार में आकंठ डूबे हुए है एक दिन जनता सडक़ों पर उतर कर उन्हे जूतों से पीटेगी। मुख्यमंत्री के झूठे वायदे पर कटाक्ष करते हुए श्री तिवारी ने कहा कि झूठ बोले कौआ काटे, काले कौएं से डरियो, तुम्हारी कुर्सी खिसक जायेगी, तुम देखते रहियो। 

पूर्व विधायक मंतूराम पवार ने कहा कि क्षेत्र के विधायक गांवों में जाते नही हैं। ना जाने वे कहां लापाता हो गये हैं, क्षेत्र की जनता पुलिस थाने में स्थानीय विधायक के गुमशुदा होने की रिर्पोट लिखाने की तैयारी कर रहे हैं। सभा को पूर्व मंत्री शिव नेताम, नरेश ठाकुर, सविता पवार, भुनेश्वर नाग, देवजीत कुण्डु, बिरेश ठाकुर, बलई बोस आदि ने संबोधित किया। मंच संचालन शांति सिकदार ने किया। कांग्रेस ने महामहिम राज्यपाल के नाम प्रेषित ज्ञापन में लो वोल्टेज समाप्त करने, किसानों की क्षति हुए फसलों का मुआवजा प्रदान करने, धान का 270 रू. बोनस देने, विद्युत सब स्टेशन की स्थापना, तेन्दुपत्ते दर 200 रू. करने, ताडमेटला कांड की जांच, सिंचाई सुविधा प्रदान करने, रोजगार गारंटी के मजदूरी का भुगतान करने आदि 27 सूत्रीय मांगो का उल्लेख किया हैं। 








गुरुवार, 14 अप्रैल 2011

बाबा साहेब का कांग्रेस ने किया नमन



कांकेर :-संविधान निर्माता बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर जी की जयंती के अवसर पर स्टैंट बैंक के पास स्थित बाबा साहेब की प्रतिमा पर कांग्रेसजनो ने पुष्पांजलि अर्पित कर पुण्य स्मरण कर उनके बताये मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। इस अवसर पर जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने कहा कि बाबा साहेब ने संगठित हो, संघर्ष करो, शिक्षित बनो का नारा देकर समाज के कमजोर तबके को आगे बढऩे का मार्ग दिखाया हैं। संविधान में देश के प्रत्येक नागरिक को उनका मौलिक अधिकार प्रदान कर अमीरी और गरीबी की रेखा को समाप्त कर समानता के साथ जीने का अधिकार प्रदान किया हैं। लेकिन अमीरों एवं गरीबों के बीच बढ़ रही खाई को पाटने की आवश्यकता हैं और यह तभी समाप्त हो सकता है जब देश को भ्रष्टाचार से मुक्ति दिलाने कांग्रेसजन आगे आयें। जिला कांग्रेस कमेटी के द्वारा आयोजित कार्यक्रम में पूर्व विधायक शिव नेताम, नगरपालिका अध्यक्ष पवन कौशिक, उपाध्यक्ष मनोज जैन, पार्षद यासीन कराणी, विजय यादव, आलोक श्रीवास्तव, आशीष दत्तराय, प्रदेश प्रतिनिधि दिलीप खटवानी, शहर कांग्रेस अध्यक्ष नरेश बिछिया, ग्रामीण अध्यक्ष नरोत्तम पटेल, जनपद उपाध्यक्ष हरनेक सिंह ओजला, जनपद सदस्य तरेन्द्र भंडारी, लक्ष्मणपुरी गोस्वामी, इसहाक अहमद, महेन्द्र यादव, मुकेश खटवानी, ललित सिंह ठाकुर, राजेश शर्मा, रामसेवक पटेल, बिंदा धनकर आदि कार्यकर्ता उपस्थित थे। 

सोमवार, 4 अप्रैल 2011

रमन सरकार पर कांग्रेस ने साधा निशाना

बर्खास्त करने की मांग पर किया प्रदर्शन 

कांकेर। प्रदेश की भाजपा सरकार को बर्खास्त करने की मांग को लेकर जिला कांग्रेस कमेटी के द्वारा स्थानीय पुराना बस स्टैंड में धरना प्रदर्शन का आयोजन कर रमन सरकार को जमकर कोसा गया। साथ ही राज्यपाल के नाम तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा गया। धरनास्थल में कुछ समय के लिए रायपुर से जगदलपुर जाते समय पूर्व नेताप्रतिपक्ष महेंद्र कर्मा भी उपस्थित हुए।

जिला कांग्रेस कमेटी के द्वारा राज्यपाल के नाम सौंपे गए ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि प्रदेश में काबिज भाजपा की सरकार हर क्षेत्र में असफल साबित हुई है। पिछले दिनों दक्षिण बस्तर के ताड़मेटला में आदिवासियों के लगभग तीस सौ घरों में आग लगाकर बड़ी संख्या में आदिवासियों की हत्या कर दी गई। महिलाओं के साथ बलात्कार किया गया और सुरक्षा बलों ने उस क्षेत्र के प्रभावितों तक जिला प्रशासन को राहत सामाग्री पहुंचाने नहीं दिया जिसके कारण अनेक आदिवासियों की मौत भूख से हो गई। कांग्रेस विधायक दल इस घटना की जांच करने एवं प्रभावितों से मिलने के लिए घटनास्थल जाना चाहा तो वहां तक उन्हें जाने नहीं दिया गया बल्कि जो लोग इस घटना के लिए जिम्मेदार थे उन्हें गिरफ्तार ना कर मुख्यमंत्री के इशारे पर विधायकों को गिरफ्तार किया गया। यह सारी घटना प्रदेश सरकार के संरक्षण में सुरक्षा प्रदान करने वालों के द्वारा की गई है जो कि अत्यंत ही निंदनीय है। 

जो सरकार आम जनता को संरक्षण प्रदान नहीं कर सकती है उनके जान माल की हिफाजत नहीं कर सकती है बल्कि उनके द्वारा ही निर्दोष आदिवासियों की हत्या करवाई जाती है। प्रदेश में लगातार बिगड़ते कानून व्यवस्था की स्थिति से प्रदेशवासी भयभीत है व असुरक्षा का अनुभव करने लगे हैं। ऐसी सरकार को प्रदेश में शासन करने का कोई अधिकार नहीं है। 

कांग्रेस के धरना प्रदर्शन में मुख्य रूप से जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी, पूर्व मंत्री शिव नेताम, नगरपालिका अध्यक्ष पवन कौशिक, उपाध्यक्ष मनोज जैन, जितेंद्र सिंह ठाकुर, दिलीप खटवानी, प्रीति नेताम, भुनेश्वर नाग, नरोत्तम पटेल, नरेश बिछिया, रमेश गौतम, यासीन कराणी, विजय यादव, दुलारी पटेल, छाया कौशिक, निशा मेहता, मानक दरपट्टी, चंद्रकांत धु्रवा, बसंत यादव, बीरेश ठाकुर, धर्मेंद्र मेहता, स्वर्णलता सिंह, झमित जैन, पूजा बोरकर वरलक्ष्मी, तारा ठाकुर, सुरेश सोनी, जितेंद्र मोटवानी, राजेश शर्मा, इसहाक अहमद, रामकरण कुंजाम, लक्ष्मणपुरी गोस्वामी, नंदकिशोर राठी, कैलाश खत्री, सुखदेव गाव़े, धर्मेंद्र नेताम, मांडवी दीक्षित, नरेश ठाकुर, अजय सिंह, कुबेर सिंह, मुन्ना कुलदीप, हेमंत धु्रव, तरेंद्र भंडारी, तुषार ठाकुर, आशा निषाद, पदमा चंद्राकर, बासन बाई, धरमीन बाई, गीता धु्रव, आरती यादव, जीवधर प्रसाद दुबे, विष्णु चौरसिया, मतीन खान, पवन ठाकुर, भुनेश्वर, शहनाज बेगम, मोरे बाई, अगतीन बाई, रोशन आरा, खपरा बाई, महेंद्र नायक, सरोज देवी, जन्नतुन, हेमलता गोस्वामी, रसीला खतून, फातिमा बेगम आदि मौजूद रहे।

शनिवार, 2 अप्रैल 2011

बिजली दर में वृद्धि कर जनता को सरकार ने अप्रैल फूल बनाया है :- राजेश तिवारी


कांकेर :- प्रदेश सरकार के द्वारा एक अप्रेल से बिजली दरों में वृद्धि करके प्रदेश की जनता को अप्रेल फूल बनाने का काम किया है जिसका विरोध कांग्रेस करती हैं। भारतीय जनता पार्टी के द्वारा एक ओर महंगाई एवं भ्रष्टाचार के विरोध में प्रदर्शन किया जा रहा हैं वहीं दूसरी ओर उनकी पार्टी की सरकार प्रदेश की जनता पर महंगाई का बोझ लगातार डालने का काम कर रही हैं। अधिकारी खुले आम कार्यालय में बैठ कर लोगों से घूस मांगने का काम कर रहे हैं, शिकायतों के बाद भी किसी भी प्रकार की कार्यवाही ना होना भाजपा के नेताओं की संलिप्तता को दर्शाता हैं। जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने उक्त आरोप लगाते हुए भाजपा से अपनी दोमुंही नीति को बंद प्रदेश सरकार से तत्काल बिजली दर में वृद्धि के निर्णय को वापस लेने की मांग की हैं। 
जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने कहा कि प्रदेश सरकार विभिन्न प्रकार के टैक्स लगातार महंगाई बढ़ाने का काम कर रही हैं। पहले तो उसने यात्री किराये में कई गुना वृद्धि की, उसके बाद समेकित एवं जल कर में मनमाना वृद्धि और अब प्रदेश के गरीब व आम उपभोक्ताओं एवं किसानों के ऊपर बिजली दरों में 22 प्रतिशत की वृद्धि करके बोझ लादने का काम किया हैं। पूंजीपतियों व उद्योगपतियों की पोषक डा. रमन सरकार उन पर पूरी तरह से मेहरबान है जिसके कारण सबसे कम 12 प्रतिशत की बिजली दर में वृद्धि उद्योगों के ऊपर की गई हैं। सरकार ने हमारे अन्नदाता किसानों को भी नही छोड़ा, जिन किसानों को कांग्रेस शासन काल में मुफ्त बिजली मिलती थी, पहले तो किसानों को मिलने वाली मुफ्त बिजली को समाप्त किया और अब उसमें 9 प्रतिशत की वृद्धि कर दी गई हैं। सरकार दर वृद्धि को बिजली कंपनी को हो रहे घाटे को कारण बता रही है, किन्तु प्रदेश सरकार दूसरे राज्यों को बिजली बेचने से होने वाले लाभ को नही बता रही हैं। बिजली कम्पनी को हो रहे घाटे का मुख्य कारण घटिया ट्रांसफार्मर एवं अन्य सामग्री की खरीदी में भ्रष्टाचार हैं। सरकार बिजली चोरी करने वाले बड़े उद्योगपतियों एवं राईस मिलर्स के विरूद्ध कार्यवाही नही करती और उनका बोझ प्रदेश की गरीब जनता के ऊपर डाल कर अन्याय कर रही हैं। 

गुरुवार, 31 मार्च 2011

प्रदेश सरकार को बर्खास्त करने 3 अप्रैल को कांकेर में कांग्रेस का धरना


1 अप्रैल को रायपुर में प्रदेश स्तरीय प्रदर्शन में जिले के कांग्रेसी सम्मिलित होगे
कांकेर:- बस्तर संभाग में कानून का राज समाप्त हो गया है, और जंगलराज की स्थापना हो गई हैं। जिन पर सुरक्षा की जिम्मेदारी है वे ही आदिवासियों की हत्या कर उनके घरों को आग के हवाले कर रहे हैं। तालमेटला की घटना इसका प्रत्यक्ष उदाहरण हैं। कोयलीबेड़ा के समस्त कार्यालय स्थानांतरित कर दिये गये हैं वहां सरकार नाम की चीज ही नही हैं। पूरे प्रदेश में आये दिन आपराधिक घटनाएं होने के कारण आम जनता का प्रदेश की सरकार से विश्वास उठ गया हैं। उक्त आरोप लगाते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने कहा कि छत्तीसगढ़ में ऐसे हालात हो गये हैं कि प्रदेश को बचाने एवं कानून का राज स्थापित करने के लिए प्रदेश सरकार को बर्खास्त करना अपरिहार्य हो गया हैं। प्रदेश में कानून व्यवस्था की असफलता एवं प्रदेश सरकार को बर्खास्त करने की मांग को लेकर राजधानी रायपुर में 1 अप्रैल को प्रदेश स्तरीय धरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया हैं। इस प्रदर्शन में भाग लेने के लिए जिले के कांग्रेस के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता रायपुर जायेगें। प्रदेश कांग्रेस के निर्देशानुसार रमन सरकार को बर्खास्त करने की मांग को लेकर 3 अप्रैल रविवार को जिला मुख्यालय कांकेर के पुराने बस स्टैंड में दोपहर 12 बजे से एक दिवसीय धरना प्रदर्शन का आयोजन जायेगा। श्री तिवारी कांग्रेस के समस्त पदाधिकारी, युवा कांग्रेस, महिला कांग्रेस, एनएसयूआई, सेवादल के पदाधिकारी, ब्लाक कांग्रेस के समस्त पदाधिकारी, पूर्व सांसद, विधायक एवं समस्त कांग्रेस कार्यकर्ताओं से कार्यक्रम में उपस्थित होने की अपील की हैं। 

बिजली दफ्तर घेरकर किया प्रदर्शन

लो वोल्टेज से ग्रामीण हलाकान

कांकेर। कांकेर जिले में ग्रामीण क्षेत्रों में हो रही विद्युत कटौती के विरोध में बुधवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने हाटकोंगेरा, माकड़ी, सुरेली, किशनपुरी आदि गांवों के किसानों के साथ मिल कर छग विद्युत मंडल के अधीक्षण यंत्री के कार्यालय के समक्ष जमकर नारेबाजी कर विरोध प्रदर्शन किया। जिला कांग्रेस कमेटी ने अपने ज्ञापन में उल्लेख किया है कि कांकेर जिले के अधिकांश गांवों में लो-वोल्टेज एवं विद्युत कटौती लगातार होने के कारण किसानों की फसलें बर्बाद हो रही है। किसान कर्ज लेकर फसल लगाने का काम करता है, फसल बर्बाद होने से उन किसानों के सामने कर्ज पटाने की समस्या आती है। जिसके कारण कई किसान आत्महत्या करने को मजबूर हो रहे हैं। किसानों एवं ग्रामीणों के द्वारा लगातार शिकायतें की जा रही है। कि उनके गांवों में कई-कई दिन बिजली गुल रहती हैं और बिजली आती है भी तो वोल्टेज इतना कम रहता है कि मोटर पंप चलते ही नहीं। जिसके कारण वे अपने खेतों में सिंचाई नहीं कर पा रहे हैं। अनेकों ग्राम के ग्रामवासी विद्युत मंडल के कार्यालय में आकर प्रदर्शन कर अपनी समस्या से अवगत भी कराते आ रहे हैं। उसके बावजूद भी अधिकांश गांव की समस्या का जस की तस बनी हुई है और विभागीय अधिकारी इस समस्या की ओर आंखमुंदे लापरवाही का रूख अख्तियार किए हुए हैं। विभाग के द्वारा समस्या के समाधान के लिए कोई ठोस पहल भी नहीं की जा रही हैं। विभाग के द्वारा घटिया ट्रांसफार्मर लगाए गए हैं जो अक्सर खराब हो जाते हैं, जिसके कारण भी समस्या विकराल रूप लेते जा रही हैं। कांग्रेस नेताओं को अधीक्षण यंत्री श्री भारतीय ने आश्वस्त किया कि वे वे इस समस्या के निराकरण के लिए त्वरित कार्यवाही करेंगे। उन्होंने तत्काल अपने मातहत अधिकारियों को निर्देश देकर किसानों एवं कांग्रेस नेताओं के द्वारा बताये गए गांवों की समस्या के निराकरण करने के निर्देश दिए। जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने चेतावनी देते हुए कहा कि विभाग के द्वारा लो-वोल्टेज एवं विद्युत कटौती की समस्या से तत्काल निजात दिलाने के लिए ठोस उपाय किए जाये। अन्यथा जिला कांग्रेस कमेटी आपके विभाग के विरूद्घ किसानों एवं ग्रामीणों के साथ मिल कर उग्र आंदोलन करने को बाध्य होगी। इस अवसर पर पूर्व विधायक शिव नेताम, नगर पालिका अध्यक्ष पवन कौशिक, उपाध्यक्ष मनोज जैन, जितेन्द्र सिंह ठाकुर, दिलीप खटवानी, आशीष दत्ताराय, ब्लाक कांग्रेस ग्रामीण अध्यक्ष नरोत्तम पटेल, शहर कांग्रेस अध्यक्ष नरेश बिछिया, पार्षद यासीन कराणी, विजय यादव, जनपद पंचायत के उपाध्यक्ष हरनेक सिंह, जनपद सदस्य तरेन्द्र भंडार, रोमनाथ जैन, महेन्द्र यादव, ईसहाक अहमद, अजय सिंह, ग्राम सुरेली, हाटकोंगेरा, किशनपुरी के किसान काफी संख्या में शामिल थे।

बुधवार, 30 मार्च 2011

कांग्रेस की बैठक में एकजूटता का आव्हान


संगठन सर्वोपरि, संगठन से बड़ा कोई नही - तिवारी

कांकेर:- ब्लाक कांग्रेस कमेटी कांकेर ग्रामीण की ग्राम माकड़ी में आयोजित बैठक में संगठन को मजबूज करने कांकेर ब्लाक को 16 सेक्टर में विभाजीत कर पदाधिकारियों को जिम्मेदारी दी गई। साथ ही केन्द्र सरकार की योजनाओं की निगरानी करने हेतु गठित कमेटी को दौरा कर जानकारी पे्रषित करने के निर्देश दिये गये। इस अवसर पर जिला अध्यक्ष राजेश तिवारी ने कार्यकताओं को संबोधित करते हुए कहा संगठन की ताकत बड़ी ताकत होती है और संगठन से बड़ा कोई नही होता। इसलिए हम सब आपसी मतभेदों को भूलाते हुए संगठन की मजबूती के लिए कार्य करें। जिस क्षेत्र या गांव में आप रहते हैं वहां की जिम्मेदारी लेकर कार्यकर्ता काम करे तो संगठन मजबूत ही होगा।  इसी क्रम में बुथवार कार्यकताओं को जिम्मेदारी सौपी गई। वहीं राज्य सरकार के भ्रष्ट नीतियों के खिलाफ आवाज उठाने में हेतु एकजुट होने का आव्हॉन किया गया। केन्द्र सरकार की संचालित योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुचाने एवं उनका प्रचार-प्रसार करने पर विशेष जोर बैठक में कार्यकर्ताओं को दिया गया। सभी कार्यकर्ताओं ने अपने-अपने विचार प्रस्तुत किए एवं क्षेत्र में गहराते विद्युत संकट पर गहन चिन्तन मनन किए और राज्य सरकार की अदुरदॢशता का परिणाम निरूपित करते हुए राज्य सरकार को इसके लिए दोषी ठहराया। क्षेत्र में आये दिन बिजली बंद एवं वोल्टेज की समस्या को लेकर विद्युत मंडल के विरोध में प्रदर्शन करने का निर्णय लिया गया।  बैठक में मुख्य रूप से जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी, पूर्व मंत्री शिव नेताम, जितेन्द्र सिंह ठाकुर, मनोज जैन, शहर अध्यक्ष नरेश बिछिया, ब्लाक अध्यक्ष नरोतम पटेल, जनपद उपाध्यक्ष हरनेक सिंह औजला,तरेन्द्र भंडारी, राकेश साहू, महेन्द्र यादव, रोमनाथ जैन, आशीष दत्ताराय, मुन्ना कुलदीप ,अजय यादव, जगन कुमार, अनिल जैन, पद्मा चन्द्राकर, स्वर्णलता सिंह, राजेश शर्मा ,संजय, मानसिंग, बृजलाल, रघुनाथ शोरी, शिवलाल मंडावी ,प्यार सिंह मंडावी, अनिता मंडावी, रामनंदन सिन्हा, जंगलसिंह, देवेन्द्र शर्मा, कुंवर सिंग शोरी, बुधियार बारला, गिरवर साहू, हेमलाल शोरी, चद्रकांत धु्रवा, माया कावड़े आदि कार्यकर्ता उपस्थित थे।


मंगलवार, 29 मार्च 2011

कोयलीबेड़ा में कांग्रेस का प्रदर्शन



कांकेर :- धूर नक्सल प्रभावित क्षेत्र कोयलीबेड़ा में युवा कांग्रेस के तत्वाधान में जनपद पंचायत कार्यालय सहित अन्य कार्यालय कोयलीबेड़ा में पुन: प्रारंभ करने एवं तेन्दुपत्ता की मजदूरी 200 रू. करने सहित 15 सूत्रिय मांगों को लेकर मुख्यमार्ग में रैली निकाल कर कांग्रेसियों ने प्रदर्शन किया। रैली के पश्चात आयोजित सभा को संबोधित करते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री डा. रमन सिंह ने घोषणा की थी कोयलीबेड़ा में जनपद कार्यालय तीन दिन लगाया जाये किन्तु उनके आदेश का पालन अभी तक नही किया जा रहा हैं। यहां से सभी कार्यालय अन्यत्र स्थानांतरित कर दिये गये हैं। जिसके कारण यहां के आदिवासियों को काफी परेशानी हो रही हैं। इसलिए पखांजूर एवं कोयलीबेड़ा ब्लाक को पृथक कर दोनो को अलग अलग ब्लाक का दर्जा प्रदान करना चाहिए। श्री तिवारी ने कहा कि कोयलीबेड़ा ब्लाक में सबसे ज्यादा भ्रष्टाचार हो रहा हैं, जितनी राशि इस ब्लाक के लिए स्वीकृत की गई है अगर उसे प्रत्येक परिवार को बांट दिया जाता तो वे लखपति हो जाते। यहां के आदिवासियों को नक्सली के नाम से प्रताडि़त किया जा रहा हैं। सभा को जिला पंचायत के पूर्व अध्यक्ष भुनेश्वर नाग, मानक दरपट्टी, रत्तीराम दुगा, धन्नूराम, मुनीर अहमद ने भी संबोधित किया। 
रैली एवं सभा के पश्चात महामहिम राज्यपाल के नाम तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा गया। जिसमें उल्लेख किया गया है कि जनपद पंचायत, खंड शिक्षा अधिकारी एवं महिला बाल विकास कार्यालय तत्काल प्रारंभ किये जावे, एकीकृत एक्शन प्लान के तहत राशि स्वीकृत करने, मेढक़ी नदी में एनीकट निर्माण, विद्युत पावर स्टेशन, दूर संचार टावर प्रांरभ करने, स्थानीय बेरोजगारों को रोजगार प्रदान करने, स्वास्थ्य केन्द्र में चिकित्सक की व्यवस्था, शाला एवं छात्रावास में चारदीवारी निमार्ण, तेन्दुपत्ता की मजदूरी दर 200 रू. करने, रावघाट परियोजना में यहां के लोगों को नौकरी प्रदान करने, चारगांव लौह अयस्य परियोजना की 75 प्रतिशत रायल्टी यहां के विकास के लिए खर्च करने, अंतागढ़ कोयलीबेड़ा मार्ग की मरम्मत कर नया सडक़ निर्माण करने एवं एकलव्य आदर्श विद्यालय कोयलीबेड़ा में खोले जाने की मांग की गई हैं। रैली में काफी संख्या में महिला पुरूष एवं युवा वर्ग के लोग सम्मिलित थे। 







रविवार, 27 मार्च 2011

कर वृद्धि से आक्रोषित नागरिकों ने स्वस्फूर्त बंद को सफल बनाया

कांकेर :- जिला कांग्रेस कमेटी ने नगरीय क्षेत्र में समेकित एवं पेयजल में की गई तीन गुना कर वृद्धि को वापस लेने की मांग को लेकर आज बंद का आव्हान किया था। नगर के व्यापारियों ने स्वस्फूर्त अपनी प्रतिष्ठानें बंद रख कर अपना समर्थन व्यक्त किया। कांकेर सहित जिले के ब्लाक मुख्यालयों में चारामा, नरहरपुर, अंतागढ़ व भानुप्रतापपुर नगर भी कर वृद्धि के विरोध में पूर्णत: बंद रहे।

कांकेर शहर के व्यापारी एवं नागरिकों ने संपत्तिकर, समेकित कर एवं पेयजल के टैक्स में कई गुना वृद्धि किये जाने से अपने आक्रोष का इजहार करते हुए अपनी व्यापारिक प्रतिष्ठानें स्वस्फूर्त बंद रखी। हालाकि कांग्रेस के नेता बंद को सफल बनाने के लिए सुबह से ही पैदल एवं मोटर सायकल से मुख्य सडक़ में निकल आये थे, किन्तु उन्हे बंद के लिए ज्यादा मशक्कत नही करनी पड़ी। कुछ दुकानदारों ने अपनी दुकाने खुली रखी थी उनको बंद का कारण बताने पर अपनी दुकाने तत्काल बंद कर दी। बंद को सफल बनाने में जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी, पूर्व मंत्री शिव नेताम, नगर पालिका अध्यक्ष पवन कौशिक, उपाध्यक्ष मनोज जैन, जितेद्र सिंह ठाकुर, दिलीप खटवानी, शहर कांग्रेस अध्यक्ष नरेश बिछिया, ग्रामीण अध्यक्ष नरोत्तम पटेल, पार्षद यासीन कराणी, आलोक श्रीवास्तव, रमेश गौतम, कृष्णकुमार अत्री, विजय यादव, ओम प्रकाश गिड़लानी, महिला कांग्रेस अध्यक्ष स्वर्णलता सिंह, वरलक्ष्मी ब्रम्हम, सुशीला देव, ज्योति साहू, पूजा बोरकर, रोशन आरा, ईसाक अहमद, विष्णु चौरसिया, राजेश शर्मा, लक्ष्मणपुरी गोस्वामी, सुरेश सोनी, अजय सिंह रेणु, श्यामल दत्तराय आदि कांग्रेस कार्यकर्ता सक्रिय रहे।
जनता से पैसे वसूल अध्यक्ष एवं पार्षदों का मानदेय व भत्ता बढ़ाना निंदनीय : तिवारी
जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने बंद को सफल बनाने के लिए व्यापारियों एवं नागरिकों का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार एक ओर गरीब एवं मध्यम वर्ग के नागरिकों पर टैक्स का बोझ बढ़ा कर उनका जीना मुहाल कर रही हैं, और दूसरी ओर गरीब जनता से पैसे वसूल कर नगरीय निकाय के अध्यक्ष एवं पार्षदों के मानदेय में कई गुना वृद्धि कर गरीबों का मजाक उड़ाने का काम कर रही हैं। प्रदेश सरकार के इस निर्णय की जितनी भी निंदा की जाय वह कम हैं। गरीब जनता के खून पसीने की कमाई को वसूल कर जन प्रतिनिधियों की सुविधा में वृद्धि करना नाजायाज हैं। अगर प्रदेश सरकार के पास अपनी जनता को पीने का पानी उपलब्ध कराने के लिए पैसे नही है तो फिर जनप्रतिनिधियों के वेतन भत्ता बढ़ाने के लिए कहां से पैसे आ गये। यह निर्णय रमन सरकार की गरीब विरोधी मानसिकता को उजागर करता हैं।



शनिवार, 26 मार्च 2011

टैक्स में बढ़ोतरी के खिलाफ कांग्रेस का आज कांकेर बंद

बंद को सफल बनाने सहयोग की अपील करते कांग्रेसी

कांकेर। राज्य सरकार के द्वारा शहरी क्षेत्र में समेकित एवं पेयजल में की गई, मनमानी कर वृद्घि को वापस लेने की मांग को लेकर जिला कांग्रेस कमेटी कांकेर के द्वारा २६ मार्च को आयोजित जिला बंद के तहत कांकेर शहर बंद रखने का आव्हान व्यापारियों एवं नागरिकों से कांग्रेस नेताओं ने की है। जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने व्यापारी बंधुओं से अपील करते हुए कहा कि सरकार के टैक्स वृद्घि के निर्णय का पूरे प्रदेश में विरोध हो रहा है। विरोध में एक दिन अपनी व्यापारिक प्रतिष्ठानें स्वेच्छापूर्वक बंद रख अपना विरोध प्रदर्शित करें ताकि सरकार अपने निर्णय को वापस ले, दुकाने खुला रखने पर प्रदेश सरकार उसे टैक्स वृद्घि का समर्थन मानेगी। श्री तिवारी ने कहा कि महानगर, शहर एवं छोटे कस्बों में एक बराबर कर लगाना अनुचित हैं। प्रत्येक परिवार का संपत्ति कर का दायरा अलग-अलग है। उसी प्रकार पेय जल का उपयोग भी परिवार की सदस्य संख्या के अनुपात में होता हैं। सरकार के आदेशानुसार छोटे एवं बड़े परिवार के नल कनेक्शनधारी जो वर्तमान में कांकेर में ५५ रूपए जल कर दे रहे हैं। उन्हें अब १८० रूपए मासिक देना होगा, चाहे वह एक बाल्टी पानी का उपयोग करें या हजारों लीटर पानी का उपयोग करें। वैसे भी टैक्स वृद्घि का निर्णय परिषद को लेना है। राज्य सरकार को नहीं। राज्य सरकार स्थानीय निकायों के अधिकारों में हस्तक्षेप करते हुए अपने निर्णय को जबरन लादने का काम कर रही हैं। नगर पालिका एवं नगर पंचायत के द्वारा प्रस्ताव पारित कर टैक्स वृद्घि का विरोध किया गया हैं। प्रदेश सरकार के नगरीय निकाय मंत्री वसूली के लिए कर्मचारियों के उपर दबाव डाल कर जबरन टैक्स वसूली करवा रहे हैं। बिजली की दरों में भी मनमाना वृद्घि के प्रस्ताव का भी कांग्रेस विरोध करती हैं। श्री तिवारी ने जिले के समस्त व्यापारी भाईयों एवं नागरिकों से एक दिन अपनी व्यापारिक प्रतिष्ठाने बंद रखने की अपील की है।

रंगपंचमी पर महामूर्ख सम्मेलन की रही धूम


कलेक्टर को महामूर्ख की उपाधि 


कांकेर। शहर के पुराना बस स्टैण्ड में महामूर्ख सम्मेलन का आयोजन किया गया। जिससे शहर के गणमान्य लोगों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। कार्यक्रम का आरंभ कार्यक्रम में आए अतिथियों के स्वागत से हुआ। इसके बाद कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों ने अपने अनुभव वहां उपस्थित दर्शक को बताया। कार्यक्रम के दौरान रंग गुलाल उड़ते रहे। कार्यक्रम में आए अतिथियों तथा दर्शकों के लिए मांग की व्यवस्था की गई थी। 

अतिथियों व दर्शकगणों ने जमकर मांग का मजा लिया। महामूर्ख सम्मेलन में महामूर्ख का खिताब पाने के लिए प्रतिभागियों में होड़ लगी रही। सभी अपने-अपने चुटकुले, हास्य घटनाएं एवं व्यंगों से दर्शकों को हंसाते व गुदगुदाते रहे। दर्शक भी कार्यक्रम का लुप्त उठाते नजर आए कार्यक्रम में आए कवियों ने अपनी कविताएं सुनाई। वहीं कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों ने भी महामूर्ख सम्मेलन में शिरकत करते हुए अपने साथ घटित ऐसी सच्ची-झूठी घटनाओं को बताते नजर आए। बड़ी संख्या में उपस्थित होकर लोगों ने इसका लुप्त उठाया। बीच-बीच में डीजे की धुन ने लोग रंग गुलाल उठाते व फिल्मी गानों की धुन में शिरकते नजर आए। कार्यक्रम में मंच संचालन पत्रकार राजेश शुक्ला व संदीप चौबे ने किया। इस कार्यक्रम का सीधा प्रसारण केबल के माध्यम से पूरे शहर में प्रसारित किया गया। जिससे घर बैठे लोगों ने भी इसका मजा लिया। कार्यक्रम की समाप्ति से पूर्व जजों द्वारा मूर्खो का नाम घोषित किया गया। जिसमें जिले के कलेक्टर निर्मल खाखा का महामूर्ख की उपाधी दी। साथ ही उन्हें सब्जियों की माला पहनाई गई, साथ ही कांकेर जिले के एसपी राहुल भगत व जिला पंचायत सीईओ एस भारती दासन को मूर्ख की उपाधी दी गई। 

बुधवार, 23 मार्च 2011

आज रंग पंचमी मे महामूर्ख सम्मेलन का आयोजन


आमंत्रण

अंग अंग में रंग लगाएं ,
आओ आपस में दिल मिलाएं ।
जहां हास्य व्यंग्य और परिहास से बिखरेगें रंग सूर्ख,
रंग पंचमी पर जहां जुटेगें शहर के महामूर्ख ।
मनाएं मिल कर रंगोत्सव का त्यौहार,
मूर्खों के सम्मेलन में मिलेगा मूर्खाधिराज का उपहार ।
रंगोत्सव के अवसर पर हम देते हैं आप को आमंत्रण,
कटुता मिटाने प्यार बांटने, स्वीकार करें आप हमारा निमंत्रण ।।
आयोजक 
मूर्खों की मंडली
कांकेर
फाग गीत, रेन डांस व कविता की होगी फुहार
कार्यक्रम का होगा सीधा प्रसारण
कांकेर:- रियासत काल से कांकेर जिला मुख्यालय में होली से ज्यादा रंग पंचमी बड़े ही धूमधाम से मनाने की परंपरा रही हैं। रंगोत्सव आयोजन समिति के द्वारा विगत पांच वर्षों से रंग पंचमी के अवसर पर होली मिलन समारोह के साथ अनेक मनोरंजक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता हैं। इस कार्यक्रम का शहरवासी पूरे वर्ष बेसब्री से इंतजार करते हैं। रंग पंचमी के त्यौहार को सभी धर्मों को मानने वाले व सभी राजनैतिक दल के लोग एक साथ इस त्यौहार को सदभावनापूर्वक मनाते हैं तथा जिले के शासकीय अधिकारी, जनप्रतिनिधि पत्रकार एवं गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में सम्मिलित होते हैं। रंगोत्सव आयोजन समिति के द्वारा इस वर्ष भी स्थानीय पुराने बस स्टैंड में 24 मार्च को प्रात: 10 बजे से रंगपंचमी के दिन अनेक कार्यक्रम रखे गये है जिसमें मुख्य आकर्षण हैं महामूर्ख सम्मेलन, रेन डांस, फाग गीत एवं कविता की फुहार। कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए राजेश तिवारी, भरत मटियारा, संदीप चौबे, पवन कौशिक, जितेन्द्र सिंह ठाकुर, अशोक बलेचा, राजीव लोचन सिंह, मनोज जैन, दिलीप खटवानी, गोपाल शर्मा, राजेश शर्मा, अरूण कौशिक, राजकुमार फव्यानी, राजा देवनानी, शंकर आहूजा, ओमप्रकाश गिड़लानी, राकेश शुक्ला, गौतम सरकार, अमित चौबे, महिपाल मेहरा, आशोक राठी, नरेश बिछिया, राजेश शर्मा दीनू मंगलानी, चित्रसेन गिरी, दिलीप हिरदानी आदि के द्वारा जोरशोर से तैयारी की जा रही हैं। समस्त कार्यक्रमों का सीधा प्रसारण केबल आपरेटर एशोसियेशन के द्वारा किया जायेगा। 

शुक्रवार, 18 मार्च 2011

कर वृद्धि के विरोध में 26 मार्च को कांकेर जिला बंद का आयोजन


उच्च न्यायालय के आदेश का हो रहा उल्लंघन: तिवारी

कांकेर :- राज्य सरकार ने नगर पालिका एवं नगर पंचायत में निवासरत संपत्ति करदाता एवं गरीबी रेखा के अन्तर्गत जीवन यापन करने वाले परिवारों के ऊपर बोझ डालते हुए समेकित एवं जलकर में बेतहाशा वृद्धि कर दी गई हैं। साथ ही बिजली के दरों में भी कई गुना वृद्धि प्रस्तावित कर दी गई हैं। जिसके विरोध में जिला कांग्रेस कमेटी के द्वारा 26 मार्च शनिवार को कांकेर जिला बंद करने का निर्णय लिया हैं। 
जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने कहा कि राज्य सरकार स्थानीय निकायों के अधिकारों में हस्तक्षेप करते हुए अपने निर्णय को जबरन लादने का काम कर रही हैं, नगर पालिका एवं नगर पंचायतों के द्वारा राज्य सरकार के इस निर्णय का सर्वत्र विरोध किया जा रहा हैं। बावजूद इसके कर्मचारियों के ऊपर दबाव डाल कर करों की वसूली की जा रही हैं। माननीय छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय ने बीरगांव नगर पालिका के कर वृद्धि के निर्णय में रोक लगाते हुए आदेशित भी किया है कि स्थानीय निकाय कर वृद्धि से पूर्व टैक्स बढ़ाने की अधिसूचना अखबारों में प्रकाशित करायेगी। इस पर आपत्ति मंगवाने और उनका निराकरण करने के बाद ही इस पर कोई कार्यवाही करनी चाहिए। अधिनियम के तहत नगर पालिका को घर घर जाकर राय भी लेनी पड़ेगी। किन्तु राज्य सरकार के द्वारा नगर पालिका एवं नगर पंचायतों के सीएमओ को सीधे आदेशित कर कर वसूली के लिए कर्मचारियों के ऊपर दबाव डाल कर टैक्स वसूली की जा रही हैं। कांकेर नगर पालिका ने तो समेकित एवं जलकर वृद्धि ना करने का प्रस्ताव भी पारित किया हैं। अधिकारी एवं कर्मचारियों के द्वारा पूरी प्रक्रिया का पालन किये बिना टैक्स वसूली करना सीधे सीधे माननीय हाई कोर्ट के आदेश का उल्लंघन हैं। श्री तिवारी ने कहा कि सरकार के इस हिटलरशाही रवैये के विरोध में 26 मार्च को कांकेर जिला बंद का निर्णय लिया गया हैं, साथ ही कानूनविदों से परामर्श कर नगर पालिका सीएमओ के विरूद्ध उच्च न्यायालय में इस कार्यवाही के विरोध में याचिका भी दायर की जायेगी। 

बुधवार, 16 मार्च 2011

भाजपा शासन काल में प्रदेश में हो रहे किसानों की आत्महत्या का मामला आज विधानसभा में गूंजा



रायपुर !     भाजपा शासन काल में प्रदेश में हो रहे किसानों की आत्महत्या का मामला आज विधानसभा में गूंजा। विपक्षी दल कांग्रेस ने काम रोको प्रस्ताव के तहत यह मामला उठाते हुए इस पर चर्चा कराए जाने की मांग की। अध्यक्ष धरमलाल कौशिक द्वारा स्थगन प्रस्ताव मंजूर नहीं किए जाने पर जमकर हंगामा व नारेबाजी की गई। जिसके कारण सदन की कार्रवाई बाधित रही। विपक्ष अपनी मांग पर अड़ा रहा जिसके चलते श्री कौशिक ने सदन की कार्रवाई १० मिनट के लिए स्थगित कर दी।  बाद में संसदीय कार्यमंत्री ने प्रभावित दोनो किसान के परिजनों को १-१ लाख मुआवजा देने की घोषणा की। 
प्रश्नकाल के तुरंत बाद कांग्रेस सदस्य नंदकुमार पटेल ने यह मामला उठाया। देवभोग का किसान नागेन्द्र नाथ तथा बस्तर के किसान जागेश्वर धु्रव ने आत्महत्या की है। प्रदेश के किसान आत्महत्या कर रहे हैं। एक किसान की मृत्यु के बाद दो मंत्री उनके परिजनों से मिलने भी गए थे। बस्तर में ग्रामीण विकास बैंक का कर्ज अदा नहीं कर पाने के कारण किसान ने आत्महत्या की है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय अपराध ब्यूरो के आंकड़ों के मुताबिक डॉ. रमन सिंह के मुख्यमंत्री बनने के बाद से अब तक ९ हजार ४८९ किसान आत्महत्या कर चुके हैं। आत्महत्या के प्रकरण का जो राष्ट्रीय अभिलेख जारी हुआ है उसमे दर्ज है। श्री पटेल ने कहा देवभोग का किसान कर्ज पटा दिया था इसके बाद भी ग्रामीण विकास बैंक के प्रबंधक ने धमकी दी थी इसलिए उसने आत्महत्या कर ली। श्री पटेल अन्य काम रोक इस पर चर्चा कराए जाने की मांग की। सदस्य मो. अकबर ने कहा कि उद्योगपतियों व्यापारियों पर करोड़ों रुपए बिजली बिल बकाया है सरकार उनकी बिजली क्यो नहीं काटती। लेकिन  ३२ हजार का कर्ज अदा नहीं करने पर तहसीलदार किसान को धमकाता है। जिसके कारण दबाव में आकर किसान ने आत्महत्या की है। कानून केवल किसानों के लिए हैं उन्होंने दोषी अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की मांग की। उन्होंने कहा उद्योगों पर करोड़ों का बकाया है। लेकिन उन पर कोई कार्रवाई नहीं की जाती। उन्होंने कहा कि जिस तहसीलदार के दबाव के कारण किसान ने आत्महत्या की है उसके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा 
कि प्रतिदिन तीन-चार किसान आत्महत्या कर रहे हैं। कांग्रेस सदस्यों ने एक साथ खडे होकर इस मामले में सरकार की तरफ से जवाब मांगा। नेता प्रतिपक्ष रविन्द्र चौबे ने कहा कि विपक्ष ने इस मामले में स्थगन दिया है। उन्होंने कहा कि उद्योगपतियों को जमीन जंगल दे रहे हैं। 

अंतत: कांग्रेस के सामने राज्य सरकार को झूकना पड़ा : तिवारी

पीव्ही 114 के आत्महत्या करने वाले किसान परिवार को एक लाख की सहायता देने करनी पड़ी घोषणा

कांकेर:- राज्य सरकार को विधानसभा में कांग्रेस विधायक दल के सामने झूकना पड़ा और कांकेर जिले के परलकोट क्षेत्र के ग्राम पीव्ही 114 के आत्महत्या करने वाले किसान अधीर हालदार के परिवार को एक लाख रूपये की आर्थिक मदद करने की घोषणा करनी पड़ी। विधायक दल के द्वारा किसानों को कर्ज वसूली के लिए धमकाने वाले तहसीलदार के विरूद्ध कार्यवाही करने की भी मांग राज्य सरकार से विधानसभा में की हैं।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजेश तिवारी ने कहा कि राज्य में 9489 किसान आत्महत्या कर चुके हैं किन्तु राज्य सरकार की ओर से उन्हे किसी भी प्रकार की सहायता प्रदान नही की गई। जिला कांग्रेस कमेटी के द्वारा किसान परिवार के लिए आन्दोलन नही किया जाता तो दो किसानों को राज्य सरकार की ओर से एक एक लाख रू. की सहायता राशि प्रदान करने की घोषणा की गई वह सहायता प्रदान नही किया जाता। श्री तिवारी ने कहा कि प्रदेश सरकार की नीतियों के कारण किसान काफी परेशान हैं। एक ओर मुख्यमंत्री किसानों को ब्याज पर छूट प्रदान करने की घोषणा करते हुए कृषि ऋण पर 3 प्रतिशत ब्याज लेने का वायदा करते हैं तो दूसरी ओर उसके उलट बैंक 14 प्रतिशत की दर से ब्याज की वसूली करने में लगी हैं। किसान बिजली की समस्या से भी त्रस्त हो चुके हैं। अचानक बिजली कटौती की जा रही है तो कहीं लो वोल्टेज की समस्या से किसानों की फसलें बर्बाद हो रही हैं। किन्तु राज्य सरकार इस दिशा में कुछ भी कार्यवही नही कर रही हैं।